भोंपूराम खबरी। गोविन्द बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय, पंतनगर की मत्स्य सोसायटी द्वारा दिनांक 16 मई 2026 को “फिशरीज नाइट– अनाहिता 2026” का सफल आयोजन बड़े उत्साह, सांस्कृतिक उमंग एवं आपसी सौहार्द के साथ किया गया। यह कार्यक्रम विद्यार्थियों की प्रतिभा, उपलब्धियों एवं एकता का उत्सव होने के साथ-साथ अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों के लिए भावनात्मक विदाई समारोह भी था।
कार्यक्रम में माननीय कुलपति डॉ. एस. के. कश्यप, कुलसचिव डॉ. दीपा विनय, अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉ. वी. सी. ध्यानी, निदेशक संचार डॉ. जे. पी. जायसवाल तथा अन्य विभिन्न महाविद्यालयों के अधिष्ठाता एवं निदेशकों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम में मत्स्य महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. अवधेश कुमार, स्टाफ काउंसलर डॉ. आशुतोष मिश्रा, सह-स्टाफ काउंसलर डॉ. आकांक्षा खाती एवं अन्य संकाय सदस्य डॉ. विपुल गुप्ता, डॉ. अनुप कुमार तथा डॉ. राजेश की उपस्थिति ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई।
संध्या का शुभारंभ गणमान्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जो ज्ञान, सकारात्मकता एवं नई ऊर्जा का प्रतीक है। इसके पश्चात विश्वविद्यालय गीत प्रस्तुत किया गया, जिसने पूरे वातावरण को गौरव, एकता एवं संस्थान के प्रति सम्मान की भावना से भर दिया।
इसके उपरांत अधिष्ठाता महोदय द्वारा अतिथियों एवं गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत एवं सम्मान किया गया तथा स्टाफ काउंसलर द्वारा औपचारिक स्वागत संबोधन प्रस्तुत किया गया।
कार्यक्रम के दौरान गणमान्य अतिथियों ने विद्यार्थियों को अपने प्रेरणादायक शब्दों से संबोधित किया। कुलपति डॉ. एस. के. कश्यप ने मत्स्य महाविद्यालय की उपलब्धियों एवं प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि महाविद्यालय ने विश्वविद्यालय को अनेक गौरवपूर्ण उपलब्धियाँ दिलाई हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन, समर्पण एवं उत्कृष्टता की ओर प्रेरित किया।
कुलसचिव डॉ. दीपा विनय ने भी विद्यार्थियों की प्रतिभा की प्रशंसा करते हुए कहा कि यद्यपि महाविद्यालय में विद्यार्थियों एवं संकाय सदस्यों की संख्या अपेक्षाकृत कम है, फिर भी यहाँ के विद्यार्थियों द्वारा प्रदर्शित प्रतिभा, उत्साह एवं क्षमता विश्वविद्यालय के अन्य महाविद्यालयों से अलग और अत्यंत सराहनीय है। उनके शब्दों ने विद्यार्थियों को गर्व एवं प्रेरणा से भर दिया।
इसके अतिरिक्त सांस्कृतिक कार्यक्रमों में गणेश वंदना, बंगाली, लावणी, सालसा, हिमाचली, अर्ध-शास्त्रीय एवं पहाड़ी नृत्य प्रस्तुतियाँ शामिल रहीं। कविता पाठ, गायन एवं अन्य मनोरंजक प्रस्तुतियों ने विद्यार्थियों की विविध प्रतिभाओं को प्रदर्शित किया। अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत विशेष कार्यक्रम ने विदाई के क्षणों को भावुक एवं यादगार बना दिया।
कार्यक्रम का एक प्रमुख आकर्षण मत्स्य सोसायटी के अध्यक्ष श्री प्रांजल मिश्रा एवं उपाध्यक्ष कु. पूजा मेहता द्वारा वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करना रहा, जिसमें पूरे सत्र के दौरान सोसायटी के अंतर्गत आयोजित सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों का विवरण दिया गया।
उनकी प्रस्तुति में विद्यार्थियों की विभिन्न प्रतियोगिताओं जैसे डिजिटल पोस्टर मेकिंग, फेस पेंटिंग, फोटोग्राफी, वाद-विवाद, क्विज, खेल, ऐपन मेकिंग, कविता, स्केचिंग, बेस्ट आउट ऑफ वेस्ट एवं स्लोगन लेखन आदि में सक्रिय भागीदारी एवं उपलब्धियों को दर्शाया गया।
कार्यक्रम के दौरान मत्स्य सोसायटी के सभी सदस्यों को उनके योगदान एवं सक्रिय सहभागिता के लिए सम्मानित किया गया। साथ ही कु. सबरीना को ICAR-NAARM द्वारा आयोजित राष्ट्रीय कार्यशाला में डिजिटल पोस्टर प्रस्तुति प्रतियोगिता में उत्कृष्ट विजय प्राप्त करने पर विशेष सम्मान प्रदान किया गया, जिससे महाविद्यालय को गौरव एवं पहचान मिली।
कार्यक्रम का समापन मत्स्य सोसायटी के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष द्वारा प्रस्तुत धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसमें उन्होंने सभी अतिथियों, संकाय सदस्यों, आयोजकों, प्रतिभागियों एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
अंत में रात्रि भोज के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ, जहाँ जूनियर्स एवं सीनियर्स ने आपस में यादें, हँसी एवं शुभकामनाएँ साझा कीं। इस प्रकार “अनाहिता 2026” उपलब्धियों, मित्रता, संस्कृति एवं मत्स्य परिवार की एकता का यादगार उत्सव बन गया।




