Saturday, September 5, 2026

उत्तराखंड राज्य मे बिगड़े मौसम के हालात

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दिसंबर में पड़ रही सर्दी ने आम तौर पर देहरादून और राज्य के अन्य हिस्सों में लोगों की दिनचर्या को प्रभावित किया है। हालांकि, इस साल देहरादून और राज्य के अन्य हिस्सों में तापमान सामान्य से अधिक रहा है। सर्दियों में बर्फबारी और बारिश की कमी को सर्दियों में ठंड की कमी का मुख्य कारण बताया जा रहा है।

इसके अलावा, नवंबर में वायु गुणवत्ता सूचकांक भी पिछले करीब 10 सालों में देहरादून में सबसे खराब रहा। इसका कारण भी बारिश की कमी थी, जिससे वाहनों से निकलने वाले धुएं और प्लास्टिक समेत कचरे को अवैध रूप से जलाने जैसे सामान्य कारणों से होने वाला प्रदूषण और बढ़ गया। आने वाले दिनों में भी मौसम ऐसा ही रहने की उम्मीद है और बर्फबारी या बारिश की कोई संभावना नहीं है। राज्य मौसम विज्ञान केंद्र ने बुधवार को राज्य के सभी जिलों में शुष्क मौसम रहने की संभावना जताई है। राज्य की राजधानी देहरादून में आसमान साफ रहने और सुबह के समय धुंध छाने का अनुमान है। आज देहरादून में अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमश: 26 डिग्री सेल्सियस और नौ डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।

मंगलवार को विभिन्न स्थानों पर अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमश: देहरादून में 25.8 डिग्री सेल्सियस और 9.6 डिग्री सेल्सियस, पंतनगर में 16.1 डिग्री सेल्सियस और 9.2 डिग्री सेल्सियस, मुक्तेश्वर में 19 डिग्री सेल्सियस और 5.3 डिग्री सेल्सियस तथा नई टिहरी में 18.4 डिग्री सेल्सियस और 6.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।देहरादून में अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री सेल्सियस अधिक जबकि न्यूनतम तापमान सामान्य से एक डिग्री अधिक रहा। पंतनगर में अधिकतम तापमान सामान्य से एक डिग्री अधिक जबकि न्यूनतम तापमान दो डिग्री अधिक रहा। मुक्तेश्वर में अधिकतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक जबकि नई टिहरी में अधिकतम तापमान सामान्य से एक डिग्री कम रहाl

देश भर में मौसम प्रणाली:

उत्तर आंतरिक तमिलनाडु और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक के पास स्थित निम्न दबाव क्षेत्र(चक्रवात फेंगल के अवशेष) पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़कर आज सुबह 5:30 बजे (3 दिसंबर) तटीय कर्नाटक और इसके आसपास के पूर्व-मध्य अरब सागर में एक मजबूत निम्न दबाव क्षेत्र में बदल गया। यह अगले दो दिनों के दौरान पश्चिम की ओर बढ़ते हुए पूर्व-मध्य अरब सागर में पहुँच सकता है।

मध्य क्षोभमंडल की पश्चिमी पवनों में एक ट्रफ के रूप में पश्चिमी विक्षोभ दिख रहा है, जिसकी धुरी समुद्र तल से 5.8 किमी की ऊँचाई पर 68° पूर्व देशांतर के आसपास और 30° उत्तरी अक्षांश के उत्तर में फैली हुई है।

एक चक्रवाती परिसंचरण पूर्वी बांग्लादेश के ऊपर स्थित है।

पिछले 24 घंटों के दौरान देश भर में हुई मौसमी हलचल

पिछले 24 घंटों के दौरान, तटीय कर्नाटक और केरल में भारी बारिश दर्ज की गई।

तमिलनाडु में हल्की से मध्यम बारिश के साथ एक-दो स्थानों पर भारी बारिश हुई।

तमिलनाडु, तटीय आंध्र प्रदेश, आंतरिक कर्नाटक और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में हल्की से मध्यम बारिश हुई।

अगले 24 घंटों के दौरान मौसम की संभावित गतिविधि

अगले 24 घंटों के दौरान, केरल, तटीय कर्नाटक, तमिलनाडु और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है।

तमिलनाडु, तटीय आंध्र प्रदेश, दक्षिण छत्तीसगढ़, तेलंगाना, लक्षद्वीप और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

 

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