भोंपूराम खबरी,किच्छा। व्यापार मण्डल चुनाव को लेकर चल रहे गतिरोध के बीच पूर्व मंत्री एवं विधायक तिलक राज बेहड़ और उनके समर्थकों का धरना तीसरे दिन भी जारी रहा। दूसरी तरफ पूर्व विधायक राजेश शुक्ला भी अपने समर्थकों के साथ धरने पर डटे रहे। धरना स्थल पर तीसरे दिन विधायक तिलकराज बेहड़ ने पूर्व विधायक राजेश शुक्ला पर हमला बोलते हुए कहा कि पूर्व विधायक ही नगर के व्यापारियों के हितों पर हमला कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि वह तो कभी भी चुनाव प्रक्रिया में हस्तक्षेप नहीं करना चाह रहे थे किंतु जिस प्रत्याशी को लेकर पूर्व विधायक आपा खो बैठे हैं उस प्रत्याशी को पूर्व में राजेश शुक्ला ही चुनाव लड़ा रहे थे। आखिर ऐसा कौन सा पहाड़ टूट गया है कि मेरे द्वारा मेरे समर्थन में उतरने के बाद वह प्रत्याशी आज व्यापारियों का हितैषी नहीं रहा है। उन्होंने कहा कि पूर्व विधायक राजेश शुक्ला द्वारा हमेशा किच्छा क्षेत्र की जनता को गुमराह किया गया है तथा हर प्रकरण में गुमराह करते आ रहे हैं और अब व्यापारियों को भी गुमराह कर किच्छा क्षेत्र की व्यापारियों का नुकसान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह व्यापारियों का प्रकरण था जिसको पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ही सड़कों पर लाए हैं।
उन्होंने उप जिलाधिकारी पर भी हमला बोलते हुए कहा कि वर्तमान उप जिलाधिकारी पूर्व विधायक के चहेते हैं तथा उनके कहने पर ही व्यापार मंडल के चुनाव पर ग्रहण लगा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका तो एक ही अब विकल्प रह गया है। नगर व्यापार मंडल के चुनाव करना और उप जिलाधिकारी का स्थानांतरण । जब तक यह दोनों कार्य नहीं हो जाते हुए धरने से नहीं हटेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि जब तक मेरा धरना जारी हैं मैं पूर्व विधायक को भी धरने में से नहीं उठने दूंगा। बेहड़ ने कहा कि बार-बार मुझ पर रुद्रपुर के संबंध में बयान बाजी कर आरोप लगाए जा रहे हैं। रुद्रपुर के विकास में जो मेडिकल कॉलेज में आज पूर्व विधायक के पिता का नाम अंकित है वह मेडिकल कॉलेज उनकी ही देन थी। यदि वह मेडिकल कॉलेज नहीं बनाते तो आज मेडिकल कॉलेज पर पूर्व विधायक के पिताजी का नाम भी अंकित नहीं होता। उन्होंने हमला बोलते हुए कहा कि रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज में अपने पिताजी का नाम दर्ज करने के लिए और राजेश शुक्ला ने प्रियंका गांधी के सामने यह वादा किया था कि वह कांग्रेस पार्टी जॉइनिंग कर लेंगे। किंतु मेडिकल कॉलेज में उनके पिता का नाम अंकित होते ही उन्होंने हरीश रावत को भी धोखा दे दिया। पूर्व विधायक धोखा देने में माहिर हैं यही नहीं पूर्व विधायक राजेश शुक्ला उत्तराखंड के घोर विरोधी रहे हैं उनके द्वारा उधम सिंह नगर रक्षा समिति बनाकर उत्तराखंड का घोर विरोध किया था और आज दावा कर रहे हैं कि वह उत्तराखंड के समर्थक हैं। वह उत्तराखंड के समर्थक कभी हो ही नहीं सकते। उन्होंने कहा कि जब वह क्षेत्र के विकास की बात करते हैं तो यह स्पष्ट होता है कि पूर्व विधायक उनके द्वारा मांगे गए विकास कार्यों को रोके जाने की बात कहते रहते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पूर्व विधायक आज भी यह कामना कर रहे हैं कि तिलकराज बेहड़ दुनिया छोड़कर चला जाए लेकिन यह ईश्वर के हाथ में है। जब तक ईश्वर के यहां से बुलावा नहीं आता है कोई भी नहीं जा सकता। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 में होने वाले चुनाव में वह फिर से और विधायक शुक्ला के सीने पर बैठ कर ही चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि विकास की बात करने वाले पूर्व विधायक हमेशा क्षेत्र में अस्थिरता फैलाने का षडड्ढंत्र रचते रहते हैं। उन्होंने कहा कि पहले सिरौली कला को पूर्व विधायक ने ही नगर पालिका में सम्मिलित करने का प्रस्ताव पारित करवा कर सम्मिलित करवाया था और अब वहीं पूर्व विधायक परदे के पीछे रहकर सिरौली कला को नगर पालिका से हटाकर गांव समाज बनाना चाहते हैं। यह उनका दोहरा चरित्र स्पष्ट झलकता है उन्होंने कहा कि अभी तो वह दो ही मुद्दे लेकर बैठे हैं अगर एक-दो दिन में इन मुद्दों का समाधान नहीं हुआ तो आगे यह मुद्दे बढ़कर चार-पांच हो सकते हैं।




