भोंपूराम खबरी,खटीमा। ट्रेन को बेपटरी करने की साजिश, देहरादून-टनकपुर एक्सप्रेस को डिरेल करने की साजिश हुई विफल, पटरी पर डाल रखे थे केबल के टुकड़े, ड्राइवर की सूझबूझ से टला हादसा, पुलिस ने मुकदमा किया दर्ज।
खटीमा- ट्रेन को बेपटरी करने की साजिश, देहरादून-टनकपुर एक्सप्रेस को डिरेल करने की साजिश हुई विफल, पटरी पर डाल रखे थे केबल के टुकड़े, ड्राइवर की सूझबूझ से टला हादसा, पुलिस ने मुकदमा किया दर्ज ।
उत्तराखंड में ट्रेन को बेपटरी करने की साजिश का दूसरा मामला सामने आया है। जनपद हरिद्वार में रुड़की के बाद अब उधम सिंह नगर जनपद के सीमान्त क्षेत्र खटीमा में असामाजिक तत्वों द्वारा ट्रेन को पलटाने का षड्यंत्र सामने आया है।जानकारी के मुताबिक खटीमा में रेलवे ट्रैक पर अज्ञात असामाजिक तत्वों ने केबल के टुकड़े डाल रखे थे। गनीमत रही है कि देहरादून टनकपुर एक्सप्रेस ट्रेन रात लगभग तीन बजे इसी ट्रैक पर आ रही थी। लोको पायलट को जब मोटी वायर की रॉड नजर आईं तो उन्होंने इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन रोकी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार देहरादून से आने वाली एक्सप्रेस ट्रेन टनकपुर जा रही थी. तड़के करीब तीन बजकर 29 मिनट पर देहरादून टनकपुर एक्सप्रेस ट्रेन के लोको पायलट की नजर रेलवे ट्रैक पर रखे गए केबल के टुकड़ों पर पड़ी। लोको पायलट ने इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन को रोककर मामले की जानकारी अधिकारियों को दी। साथ ही केबल के टुकड़े भी बनबसा स्टेशन अधीक्षक को सौंप दिए। यदि लोको पायलट की नजर ट्रैक पर पड़े केबल के टुकड़ों पर नहीं पड़ती, तो बड़ा हादसा भी हो सकता था। मौके पर पहुंची रेलवे पुलिस ने घटना स्थल पर पहुंच कर जांच शुरू कर दी है साथ मे स्थानीय खटीमा पुलिस को लेकर संयुक्त जांच कर जानकारी ली जा रही है बताया जा रहा है इस मामले से क्षेत्र में हलचल से मची हुई है क्योंकि खटीमा क्षेत्र में पहली घटना सामने आई है।
फिलहाल रेलवे विभाग की तरफ से खटीमा कोतवाली पुलिस को तहरीर दी गई है। जिसके बाद पुलिस भी मामले की जांच में जुट गई है. इसके अलावा आरपीएफ (रेलवे पुलिस फोर्स) और जीआरपी (राजकीय रेलवे पुलिस) समेत अन्य एजेंसियों भी जांच में जुट गई हैं और पता लगाने का प्रयास कर रही हैं। कि रेलवे ट्रैक पर केबल का इतनी मोटा तार किसने डाला है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए आरपीएफ कमांडेंट पवन कुमार श्रीवास्तव और सहायक कमांडेंट मोहम्मद शारिक खान सहित रेलवे फोर्स एसपी सिटी उधमसिंह नगर मनोज कत्याल, सीओ विमल रावत, कोतवाल मनोहर सिंह गुसाईं सिविल पुलिस उत्तराखंड ने मौके पर मामले की जांच की। आरपीएफ की तरफ से भी खटीमा कोतवाली पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।




