भोंपूराम खबरी।पहाड़ों की तरह तराई में भी एस्ट्रो विलेज बनाने की कवायद की गई थी लेकिन पर्यटन विभाग को जिले में इस तरह की कोई जगह नहीं मिली।
जिले में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए पर्यटन सचिव के निर्देशों पर विभाग ने एस्ट्रो विलेज बनाने के लिए तराई में जगह ढूंढना शुरू की थी। विभाग की ओर से एस्ट्रो विलेज के लिए खुले आसमान के नीचे खाली जगहों और पूरा आसमान साफ दिखने वाली जगह ढूंढी गई।
योजना बनाई गई थी कि एस्ट्रो विलेज में शीशे की छत वाले कॉटेज और पर्यटकों को खगोलीय दुनिया की जानकारी देने के लिए अत्याधुनिक दूरबीन भी लगाया जाएगा।
तराई में स्टार गेजिंग का शौक रखने वालों के लिए एक नया पर्यटन स्थल बनाया जाना था। जहां से अंधेरी रात में लाखों तारों का दीदार करने के साथ ही लोग ग्रह-नक्षत्रों को भी देख सकेंगे लेकिन जिला पर्यटन विभाग को तराई में कोई भी इस तरह की जगह नहीं मिल सकी। पर्यटन विभाग की ओर से सचिव को एस्ट्रो विलेज के लिए उपयुक्त भूमि नहीं मिलने का पत्र भेज दिया गया है।
एस्ट्रो विलेज के लिए जिले में भूमि नहीं मिल पाई है और मुख्यालय को इससे अवगत करा दिया गया है।
अरविंद गौर, प्रभारी जिला पर्यटन अधिकारी




